ट्रंप की धमकी के बाद एक्शन: ईरान के करज में बी1 पुल को बनाया निशाना, मची भारी तबाही
तेहरान। पश्चिम एशिया में ईरान और अमेरिका-इस्राइल के बीच छिड़ी जंग को एक महीने से ज्यादा हो चुके हैं। शांति वार्ता के लिए की जा रहीं कोशिशों के बावजूद दोनों ओर से हमले जारी हैं। इस बीच अमेरिका और इस्राइल ने गुरुवार को ईरान के सबसे ऊंचे पुल यानी बी1 ब्रिज पर हवाई हमला किया। इस हमले में कम से कम आठ नागरिकों की मौत हो गई है, जबकि 95 अन्य घायल हो गए हैं।
ईरानी मीडिया प्रेस टीवी की ओर से दी गई जानकारी के मुताबिक सैन्य कार्रवाई का मुख्य निशाना करज का बी1 ब्रिज था। इस हमले के चलते आसपास के इलाकों में भारी संख्या में लोगों के हताहत होने की आशंका जताई गई है। बताया जा रहा है कि मौतों का आंकड़ा अभी और बढ़ सकता है।
हमले में मारे गए लोगों में ईरानी यात्री और स्थानीय गांव के निवासी शामिल बताए जा रहे हैं। ये लोग हमले के समय पुल के पास मौजूद थे। प्रेस टीवी के अनुसार, मरने वालों में वे परिवार भी शामिल हैं जो प्रकृति दिवस के मौके पर उस क्षेत्र में थे, जब लोग बड़ी संख्या में बाहर निकले हुए थे।
एक दिन पहले ही अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने ईरान को चेतावनी देते हुए कहा था कि अगर तेहरान जल्द ही समझौता नहीं करता है, तो उसके खिलाफ भीषण हमले किए जाएंगे। इन हमलों में उसके ऊर्जा ठिकानों और पानी के संयंत्रों को निशाना बनाया जाएगा। वहीं, बी1 पुल पर हुए हमले को इसकी बानगी माना जा रहा है।
दरअसल, इस पुल पर हमले से तेहरान का अपने पड़ोसी शहर करज से पूरी तरह संपर्क टूट गया है। माना जा रहा है कि अमेरिका ईरान को दिखाना चाहता है कि वह उसके किसी भी ढांचे को कभी भी निशाना बना सकता है।
साभार अमर उजाला

