महू सिविल अस्पताल में रुपए मांगकर इलाज का आरोप, निजी क्लिनिक पर बुलाने का मामला उजागर
रिपोर्टर.... जितेन्द्र वर्मा ब्यूरो रिपोर्ट
महू शहर के सिविल अस्पताल में सोमवार को सरकारी व्यवस्था को शर्मसार करने वाला मामला सामने आया है। आरोप है कि अस्पताल में पदस्थ हड्डी रोग विशेषज्ञ डॉ. मयंक पाठक ने सुबह से उपचार के लिए बैठे एक मरीज को सरकारी अस्पताल में देखने के बजाय अपने निजी क्लिनिक पर बुलाया और इलाज के बदले रुपयों की मांग की।
प्राप्त जानकारी के अनुसार पीड़ित मरीज सिविल अस्पताल की ओपीडी में निर्धारित समय से मौजूद था, लेकिन उसे अस्पताल में उपचार नहीं मिला। बाद में डॉक्टर द्वारा उसे निजी क्लिनिक पर आने को कहा गया, जहां इलाज के लिए शुल्क मांगा गया। मामले की जानकारी सामने आने के बाद अस्पताल परिसर में अन्य मरीजों और उनके परिजनों में भी नाराजगी देखी गई।
इस संबंध में अस्पताल प्रभारी मधुकर शुक्ला ने कहा कि,
“मेरी जानकारी में हड्डी रोग विशेषज्ञ डॉ. मयंक पाठक द्वारा मरीज से रुपये मांगने और निजी क्लिनिक पर बुलाकर उपचार करने का मामला सामने आया है। इस पूरे मामले की जांच कराई जाएगी और जो भी तथ्य सामने आएंगे, उसके आधार पर उचित कार्रवाई की जाएगी। साथ ही इस प्रकरण से वरिष्ठ अधिकारियों को भी अवगत कराया जाएगा।”
गौरतलब है कि सरकारी अस्पतालों में पदस्थ डॉक्टरों द्वारा निजी क्लिनिक पर मरीजों को भेजना नियमों के विरुद्ध है। यदि आरोप सही पाए जाते हैं तो यह मामला गंभीर लापरवाही और आचार संहिता के उल्लंघन की श्रेणी में आएगा।

