खाद विक्रय दुकानों पर रेट सूची, स्टॉक एवं विक्रय पंजी की जांच अनिवार्य

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धर्मेन्द्र गुप्ता की रिपोर्ट
कलेक्टर श्री अंशुल गुप्ता ने एसडीएम एवं तहसीलदारों को दिए निर्देश, खाद विक्रय व्यवस्था पर सतत निगरानी रखने के निर्देश विदिशा। कलेक्टर श्री अंशुल गुप्ता ने जिले में उर्वरक विक्रय व्यवस्था को पारदर्शी एवं व्यवस्थित बनाए रखने तथा किसानों को निर्धारित दरों पर खाद की उपलब्धता सुनिश्चित कराने के उद्देश्य से जिले की सभी शासकीय एवं निजी खाद विक्रय दुकानों की नियमित निगरानी और जांच करने के निर्देश दिए हैं। कलेक्टर श्री गुप्ता ने आज लंबित आवेदनों की समीक्षा बैठक के दौरान संबंधित अधिकारियों को निर्देशित किया कि जिले में संचालित सभी शासकीय एवं निजी खाद विक्रय दुकानों की अद्यतन सूची स्थानीय तहसीलदारों को उपलब्ध कराई जाए, ताकि प्रत्येक दुकान की नियमित जांच एवं निगरानी सुनिश्चित की जा सके। उन्होंने सभी अनुविभागीय अधिकारियों (राजस्व) को निर्देश दिए कि वे अपने-अपने अनुविभाग क्षेत्र में खाद विक्रय कार्यों पर सतत नजर रखें तथा उर्वरक वितरण व्यवस्था की नियमित समीक्षा करें। खाद विक्रय से संबंधित किसी भी प्रकार की अनियमितता सामने आने पर नियमानुसार आवश्यक कार्रवाई सुनिश्चित की जाए।
कलेक्टर ने सभी तहसीलदारों को निर्देशित किया कि वे अपने क्षेत्र की प्रत्येक खाद विक्रय दुकान का निरीक्षण कर निर्धारित दरों की सूची, उपलब्ध खाद के स्टॉक तथा खाद विक्रय पंजी की अनिवार्य रूप से जांच करें। यह भी सुनिश्चित किया जाए कि दुकानों पर निर्धारित दर सूची प्रदर्शित हो तथा स्टॉक एवं विक्रय पंजी में दर्ज जानकारी का वास्तविक उपलब्धता और विक्रय से मिलान किया जाए। इसके अतिरिक्त खाद विक्रेताओं द्वारा दुकान संचालन के लिए आवश्यकतानुसार विद्युत का कमर्शियल कनेक्शन लिया गया है अथवा नहीं तथा डायवर्शन राशि नियमानुसार जमा की जा रही है या नहीं, इसकी भी जांच करने के निर्देश दिए गए हैं। कलेक्टर श्री गुप्ता ने संबंधित अधिकारियों को निर्देशित किया कि निर्धारित बिंदुओं के अनुसार जांच पूरी कर पालन प्रतिवेदन प्रस्तुत करना सुनिश्चित करें। उन्होंने खाद विक्रय व्यवस्था में पारदर्शिता बनाए रखने, निर्धारित दरों पर उर्वरक उपलब्ध कराने तथा किसानों के हितों को ध्यान में रखते हुए नियमित निगरानी और प्रभावी कार्रवाई पर जोर दिया।

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