ऑपरेशन मुस्कान: बच्चों ने नाटक के माध्यम से दिया सुरक्षा और जागरूकता का संदेश
मध्य प्रदेश शासन द्वारा पुलिस विभाग के माध्यम से ऑपरेशन मुस्कान अभियान चलाया जा रहा है जिसमें आज राजगढ़ में पुलिस द्वारा नुक्कड नाटक का किया आयोजन, बड़ी संख्या में लोगों ने की सहभागिता
दिलीप पाटीदार
राजगढ़ ( धार )। राजगढ़ में ‘ऑपरेशन मुस्कान’ विशेष अभियान के तहत पुलिस विभाग के नेतृत्व में मॉडल स्कूल सरदारपुर के बच्चों ने ‘मत छीनो बचपन हमारा’ विषय पर एक मार्मिक नुक्कड़ नाटक का सफल मंचन किया। यह आयोजन पुलिस अधीक्षक श्री मयंक अवस्थी के निर्देशन एवं अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक विजय डावर व अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक पारूल बेलापुरकर के मार्गदर्शन में, एसडीओपी विश्वदीप सिंह परिहार और थाना प्रभारी समीर पाटीदार की उपस्थिति में हुआ। जिसका उद्देश्य लोगों को बालिकाओं और बच्चों के साथ हो रहे शोषण, रूढ़िवादी परंपराओं और असामाजिक तत्वों के खतरों के प्रति जागरूक करना था।
नया सवेरा टीम के बच्चों ने अपनी प्रस्तुति के माध्यम से बताया कि कैसे बालिकाओं को पड़ोसी और रिश्तेदारों से भी खतरा हो सकता है और कैसे पार्क जैसी सार्वजनिक जगहों पर भी अनजान व्यक्ति बच्चों का फायदा उठा सकते हैं। नाटक ने यह चौंकाने वाली सच्चाई सामने रखी कि आज बच्चे न तो घर पर पूरी तरह सुरक्षित हैं और न ही बाहर। नाटक का एक महत्वपूर्ण बिंदु यह था कि बच्चों को सेल्फ-डिफेंस सिखाया जाना चाहिए और उन्हें अपने साथ हो रहे किसी भी गलत बर्ताव की जानकारी तुरंत अभिभावक या शिक्षक को देनी चाहिए। बच्चों ने नाटक के समापन पर ‘आओ दादी आओ नानी’ जैसे गीतों की प्रस्तुति भी दी। कार्यक्रम के शुभारंभ में शिक्षिका प्रतिभा सिंह राजावत ने कार्यक्रम की रूपरेखा प्रस्तुत की।
कार्यक्रम के दौरान थाना प्रभारी समीर पाटीदार ने ‘ऑपरेशन मुस्कान’ का जिक्र किया। उन्होंने बताया कि 18 वर्ष के कई बच्चे अक्सर बहकावे में आकर भाग जाते हैं, लेकिन पुलिस ऐसे बच्चों को खोजकर उनके परिवार से पुनर्मिलन कराती है। पुलिस के साथ ही अभिभावकों की भी जिम्मेदारी है कि वे जन्म से ही बच्चों को उनके अच्छे-बुरे के बारे में बताएं। उन्होंने अभिभावकों से अपील की कि वे अपने बच्चों को सोशल मीडिया से दूर रखें और उनका पूरा ख्याल रखें ताकि वे किसी असामाजिक तत्व के संपर्क में न आएं।
20 वर्ष की सजा का प्रावधान
एसडीओपी विश्वदीप सिंह परिहार ने ‘ऑपरेशन मुस्कान’ पर प्रकाश डालते हुए कहा कि पुलिस का प्रयास है कि हमारे बच्चे, खासकर बालिकाएं, सुरक्षित और खुश रहें। उन्होंने चेतावनी दी कि बालिकाओं को बहला-फुसलाकर भगा ले जाने वाले या उन्हें परेशान करने वाले असामाजिक तत्वों पर पुलिस सख्त कार्रवाई करेगी। उन्होंने बताया कि 18 वर्ष से कम आयु की बालिकाओं के साथ गलत कृत्य करने वालों के लिए 20 वर्ष तक की सजा का प्रावधान है। नाटक के समापन पर एसडीओपी विश्वदीप सिंह परिहार ने नगरवासियों से स्वच्छता बनाए रखने की शपथ दिलवाई। कार्यक्रम का संचालन दीपक जैन ने किया।

