जवाहर टेकरी पर गूंजा हिंदू एकता का स्वर
धर्म, संस्कृति और राष्ट्रहित के संकल्प के साथ हुआ भव्य हिंदू सम्मेलन
आदित्य शर्मा
इंदौर। धार रोड स्थित जवाहर टेकरी पर रविवार को एक भव्य हिंदू सम्मेलन का आयोजन किया गया, जिसमें बड़ी संख्या में संत-महात्मा, समाजसेवी, जनप्रतिनिधि एवं हिंदू संगठनों के पदाधिकारी शामिल हुए। सम्मेलन का मुख्य उद्देश्य हिंदू समाज को संगठित करना, सनातन संस्कृति की रक्षा करना तथा राष्ट्रहित में एकजुटता का संदेश देना रहा।
सम्मेलन स्थल पर सुबह से ही श्रद्धालुओं का आगमन प्रारंभ हो गया था। भगवा ध्वज, धार्मिक नारों और मंत्रोच्चार के साथ संपूर्ण क्षेत्र हिंदू चेतना और सांस्कृतिक ऊर्जा से ओतप्रोत नजर आया। आयोजन में युवाओं, महिलाओं एवं बुजुर्गों की सहभागिता विशेष रूप से उल्लेखनीय रही।
कार्यक्रम की शुरुआत वैदिक मंत्रोच्चार एवं दीप प्रज्वलन के साथ हुई। इसके पश्चात संतों एवं वक्ताओं ने अपने विचार रखते हुए कहा कि हिंदू समाज की एकता ही उसकी सबसे बड़ी शक्ति है, और वर्तमान समय में धर्म, संस्कृति एवं परंपराओं की रक्षा हेतु संगठित प्रयास अत्यंत आवश्यक हैं।
सम्मेलन में नारायण चौहान (सरपंच), दिलीप जी पटेल (जिला पंचायत सदस्य), लेखराज जी गेहलोत, गोपाल जी चौधरी, बैरागी जी, गुड्डू जी, देवनारायण जी पवार सहित बड़ी संख्या में गणमान्य नागरिक उपस्थित रहे। साथ ही समस्त हिंदू जनता की सहभागिता ने आयोजन को ऐतिहासिक स्वरूप प्रदान किया।
वक्ताओं ने धर्मांतरण, लव जिहाद, गौ-रक्षा, मंदिरों की स्वायत्तता तथा भारतीय संस्कृति के संरक्षण जैसे विषयों पर विस्तार से विचार रखे। युवाओं से आह्वान किया गया कि वे नशा, भटकाव और कुप्रभावों से दूर रहकर संस्कारवान, राष्ट्रवादी और धर्मनिष्ठ जीवन अपनाएं।
संत-महात्माओं ने कहा कि सनातन धर्म केवल पूजा-पद्धति नहीं, बल्कि जीवन जीने की एक सम्पूर्ण, वैज्ञानिक एवं नैतिक व्यवस्था है, जिसे बचाने के लिए विचारों के साथ-साथ आचरण में भी उतारना आवश्यक है।
कार्यक्रम में उपस्थित हिंदू संगठनों एवं जनप्रतिनिधियों ने समाज में व्याप्त कुरीतियों को समाप्त करने, सेवा, शिक्षा एवं सुरक्षा के क्षेत्र में सक्रिय भूमिका निभाने का संकल्प लिया। साथ ही यह निर्णय भी लिया गया कि भविष्य में इस प्रकार के आयोजन निरंतर किए जाएंगे।
सम्मेलन के अंत में राष्ट्र, धर्म और समाज की रक्षा हेतु सामूहिक संकल्प लिया गया तथा आयोजकों द्वारा सभी उपस्थितजनों का आभार व्यक्त किया गया।
जवाहर टेकरी पर आयोजित यह हिंदू सम्मेलन हिंदू समाज की एकता, चेतना और संगठन शक्ति का सशक्त प्रतीक बनकर उभरा।

