शासकीय महाविद्यालयों की दुर्दशा पर अभाविप का प्रदेशव्यापी 'विद्यार्थी हुंकार अभियान'
पत्रकार - खुशबू श्रीवास्तव
मूलभूत सुविधाओं की मांग को लेकर उच्च शिक्षा मंत्री के नाम कलेक्टर को सौंपा गया ज्ञापन
शासकीय महाविद्यालयों में विद्यार्थियों की मूलभूत सुविधाओं की मांग को लेकर अखिल भारतीय विद्यार्थी परिषद द्वारा आज “विद्यार्थी हुंकार अभियान” के अंतर्गत प्रदेशव्यापी प्रदर्शन किया गया। प्रदेश के विभिन्न जिलों में अभाविप के कार्यकर्ताओं एवं विद्यार्थियों ने प्रदर्शन कर जिला कलेक्टरों के माध्यम से उच्च शिक्षा मंत्री के नाम ज्ञापन सौंपा और शासकीय महाविद्यालयों में व्याप्त मूलभूत समस्याओं के शीघ्र निराकरण की मांग की। उसी क्रम में आज इंदौर जिले में भी सैकड़ों की संख्या में विद्यार्थियों ने मार्च निकालकर कलेक्ट्रेट के बाहर प्रदर्शन कर ज्ञापन सौंपा ।
अभाविप ने कहा कि प्रदेश के अनेक शासकीय महाविद्यालयों में विद्यार्थी स्वच्छ पेयजल, पर्याप्त एवं स्वच्छ शौचालय, व्यवस्थित कक्षाओं, पर्याप्त फर्नीचर, बिजली एवं प्रकाश व्यवस्था, पुस्तकालय, प्रयोगशालाओं, खेल सुविधाओं, छात्राओं के लिए आवश्यक सुविधाओं, इंटरनेट, पार्किंग, सुरक्षा एवं प्राथमिक उपचार जैसी बुनियादी सुविधाओं के अभाव का सामना कर रहे हैं। विद्यार्थियों को बेहतर शैक्षणिक वातावरण उपलब्ध कराने के लिए इन समस्याओं का तत्काल समाधान आवश्यक है।
अभाविप ने ज्ञापन के माध्यम से मांग की कि सरकार प्रदेश के सभी शासकीय महाविद्यालयों में मूलभूत सुविधाओं की स्थिति का तत्काल सर्वे कराते हुए ठोस आवश्यक कार्रवाई सुनिश्चित करे एवं उन व्यवस्थाओं को सुचारू किया जाए तथा जिन कार्यों के लिए बजट की आवश्यकता है, उनके लिए समयबद्ध कार्ययोजना तैयार कर आवश्यक बजट उपलब्ध कराया जाए।
मालवा प्रान्त मंत्री श्री दर्शन ने कहा कि -महाविद्यालय शिक्षा का मंदिर हैं लेकिन वहां की स्थिति दयनीय हैं विद्यार्थियों को मिलने वाली मुलभुत सुविधा भी नहीं मिल पा रही विद्यार्थी हुंकार के माध्यम से सरकार को अवगत कराना चाहते हैं गुणवत्ता युक्त शिक्षा एवं स्वस्थ परिषर के लिए सरकार ध्यान दे एवं विद्यार्थियों की मुलभुत सुविधाए त्वरितता से उपलब्ध कराए |
अभाविप के इंदौर महानगर मंत्री श्री देवेश गुर्जर ने कहा कि महाविद्यालयों में विद्यार्थियों को आज भी पेयजल, शौचालय, बेंच-डेस्क और सुरक्षा जैसी मूलभूत सुविधाओं का अभाव है। पुस्तकालय, प्रयोगशाला, खेल, इंटरनेट और कैंटीन जैसी व्यवस्थाएं भी दुरुस्त की जाएं। छात्राओं के लिए सुरक्षित शौचालय व कॉमन रूम, दिव्यांगों के लिए रैंप और 'विवेकानंद करियर गाइडेंस सेल' को पुनः शुरू किया जाए। हमारी ने मांग की है कि शासन इन मांगों पर प्राथमिकता से कार्रवाई करे ताकि विद्यार्थियों को बेहतर शैक्षणिक वातावरण मिल सके।
अखिल भारतीय विद्यार्थी परिषद का यह विद्यार्थी हुंकार अभियान इस प्रदर्शन से प्रारंभ हुआ है । आने वाले समय में विभिन्न रचनात्मक एवं आंदोलनात्मक माध्यमों से मांगों के पूर्ण होने तक अभाविप का यह अभियान जारी रहेगा ।

