कृषि रथ का शुभारंभ-- किसानों को दी जा रही नवीन कृषि तकनीकों की जानकारी
इन्दौर। मध्यप्रदेश सरकार द्वारा वर्ष 2026 को “कृषि वर्ष (कृषक कल्याण वर्ष)” के रूप में मनाया जा रहा है। इसी उपलक्ष्य में म.प्र. शासन, किसान कल्याण तथा कृषि विकास विभाग, मंत्रालय भोपाल के निर्देशानुसार कृषि एवं संबद्ध विभागों जैसे कृषि अभियांत्रिकी, पशुपालन, उद्यानिकी, मत्स्य पालन आदि के माध्यम से किसानों और कृषि वैज्ञानिकों के बीच सीधा संपर्क स्थापित कर नवीन वैज्ञानिक एवं तकनीकी सुधारों की जानकारी कृषकों तक पहुँचाने के उद्देश्य से खरीफ फसलों की बुआई हेतु जिले के चारों विकासखंडों में 16 मई 2026 से 10 दिवस तक कृषि रथ का संचालन किया जा रहा है।
इसी क्रम में जल संसाधन मंत्री श्री तुलसीराम सिलावट द्वारा विकासखंड सांवेर में वर्चुअली जुड़कर कृषि रथ को हरी झंडी दिखाकर रवाना किया गया। विधायक सुश्री उषा ठाकुर द्वारा विकासखंड महू के ग्राम बाईग्राम में कृषि रथ को हरी झंडी दिखाकर रवाना किया गया। इसी प्रकार विकासखंड इंदौर एवं देपालपुर में भी जनप्रतिनिधियों द्वारा कृषि रथ को रवाना किया गया। कृषि रथ प्रतिदिन तीन से चार ग्राम पंचायतों का भ्रमण करेगा तथा विकासखंड की विभिन्न ग्राम पंचायतों तक पहुँचेगा।
इस तकनीकी रथ में कृषि विभाग, कृषि विज्ञान केंद्र, उद्यानिकी, पशुपालन आदि विभागों के कृषि वैज्ञानिक एवं विषय विशेषज्ञ शामिल हैं, जो कृषि एवं संबद्ध विषयों से संबंधित जानकारी किसानों को उपलब्ध करा रहे हैं।
कृषि को लाभ का व्यवसाय बनाने के उद्देश्य से किसानों को ई-विकास प्रणाली द्वारा उर्वरक वितरण , खरीफ सीजन की नवीन तकनीक, उन्नत किस्मों, आधुनिक कृषि यंत्रों, जैविक एवं प्राकृतिक खेती, फल एवं सब्जी उत्पादन, फ्लोरीकल्चर, मत्स्य पालन तथा दुग्ध उत्पादन को बढ़ावा देने संबंधी आधुनिक तकनीकों की जानकारी दी जा रही है। इससे आगामी वर्षों में उत्पादन, उत्पादकता एवं मूल्य संवर्धन बढ़ाकर किसानों को लाभ पहुँचाया जा सकेगा।
आज 17 मई 2026 को जिले के चारों विकासखंडों की कुल 12 ग्राम पंचायतों— तिल्लौरखुर्द, काचरोट, सोनवाय, मानपुर, कोलानी, कुमठी, हतुनिया, ब्राह्मण पिपल्या, टोडी, कटकोदा, अटाहेड़ा एवं गेहूँखेड़ी में कृषि रथ द्वारा भ्रमण किया गया। इस दौरान किसानों को उर्वरक वितरण की ई-विकास प्रणाली एवं नवीन कृषि तकनीकों की जानकारी कृषि वैज्ञानिकों द्वारा प्रदान की गई।

