जिला प्रशासन की संवेदनशील पहल - दिव्यांगजनों को बाधारहित वातावरण उपलब्ध कराने के लिए जिले में चलेगा सुगम्य इंदौर अभियान

  • Share on :

कलेक्टर श्री शिवम वर्मा की अध्यक्षता में बैठक सम्पन्न
आदित्य शर्मा
इंदौर।  इंदौर जिले में दिव्यांगजनों को बाधारहित वातावरण उपलब्ध कराने के लिए सुगम्य इंदौर अभियान प्रारंभ किया जा रहा है। यह अभियान दो चरणों में चलेगा। कलेक्टर श्री शिवम वर्मा ने जिले में “सुगम्य इंदौर अभियान” को सर्वोच्च प्राथमिकता देने के निर्देश दिए हैं। समय-सीमा पत्रों की समीक्षा बैठक में उन्होंने कहा कि यह अभियान दिव्यांगजनों के लिए शहर को अधिक सुलभ और सुविधाजनक बनाने की दिशा में महत्वपूर्ण कदम है।
 कलेक्टर कार्यालय में सम्पन्न हुई इस बैठक में जिला पंचायत के मुख्य कार्यपालन अधिकारी श्री सिद्धार्थ जैन, अपर कलेक्टर श्री नवजीवन विजय पवार, श्री रोशन राय, श्री रिंकेश वैश्य सहित संबंधित विभागों के अधिकारी मौजूद थे। 
 बैठक में कलेक्टधर श्री वर्मा ने अधिकारियों को निर्देशित किया कि अभियान को चरणबद्ध तरीके से प्रभावी ढंग से लागू किया जाए। बताया गया कि पहले चरण में जिले के सभी सार्वजनिक भवनों का सर्वे कर वहां दिव्यांगजनों के लिए उपलब्ध सुविधाओं की जानकारी एकत्रित की जाएगी। इसके बाद दूसरे चरण में चिन्हित कमियों को दूर करते हुए भवनों में रैंप, रेलिंग, शौचालय सहित अन्य आवश्यक सुविधाएं विकसित की जाएंगी, ताकि दिव्यांगजनों को कहीं भी आवागमन में बाधा न हो। बताया गया कि अभियान के क्रियान्वयन के लिए एक विशेष पोर्टल भी तैयार किया गया है, जिसके माध्यम से सर्वे और कार्यों की मॉनिटरिंग की जाएगी। उन्होंने संबंधित विभागों को आपसी समन्वय के साथ तेजी से कार्य करने के निर्देश दिए हैं। बैठक में ‍निर्देश दिए गए कि “सुगम्य इंदौर अभियान” केवल औपचारिक पहल न होकर जमीनी स्तर पर प्रभावी परिणाम देने वाला अभियान बने। कलेक्टर श्री वर्मा ने कहा कि सभी विभाग इस दिशा में जिम्मेदारी के साथ कार्य करें, ताकि इंदौर को एक समावेशी और दिव्यांग-अनुकूल शहर के रूप में विकसित किया जा सके।
 इसके साथ ही कलेक्टर श्री वर्मा ने जिले में निर्माणाधीन ओवरब्रिज परियोजनाओं की प्रगति की समीक्षा की। उन्होंने संबंधित अधिकारियों को निर्देश दिए कि कार्य में तेजी लाई जाए और दैनिक कार्य योजना बनाकर निर्धारित समय में निर्माण कार्य पूर्ण किया जाए।
 बैठक में सीएम हेल्पलाइन के अंतर्गत दर्ज आवेदनों की विस्तार से समीक्षा करते हुए उन्होंने निर्देश दिए कि सभी प्रकरणों का निर्धारित समय-सीमा में अभियान चलाकर निराकरण सुनिश्चित किया जाए। उन्होंने स्पष्ट कहा कि निराकरण केवल औपचारिक न हो, बल्कि सकारात्मक एवं गुणात्मक हो। प्रकरणों के निराकरण में लापरवाही बरतने वालों के ‍विरूद्ध कार्रवाई के निर्देश भी दिए गए।
 बैठक में यातायात सुधार और फायर सेफ्टी के लिए चलाए जा रहे अभियानों की भी समीक्षा की गई। कलेक्टर ने निर्देश दिए कि इन अभियानों को नियमित रूप से संचालित रखा जाए, ताकि आमजन को बेहतर सुविधा और सुरक्षा मिल सके।
 बैठक में ग्रीष्म ऋतु को ध्यान में रखते हुए पेयजल आपूर्ति व्यवस्था की भी समीक्षा की गई। कलेक्ट्र श्री वर्मा ने अधिकारियों को निर्देशित किया कि ग्रामीण क्षेत्रों में ग्राम पंचायतवार कार्य योजना बनाकर उसका प्रभावी क्रियान्वयन सुनिश्चित करें, जिससे किसी भी क्षेत्र में जल संकट की स्थिति न बने।

Latest News

Everyday news at your fingertips Try Ranjeet Times E-Paper