ड्रग्स के खिलाफ निर्णायक कार्रवाई, 2029 की डेडलाइन के अनुरूप सरकार कर रही काम: मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव
राजेश धाकड़
इंदौर। मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव सोमवार को इंदौर पहुंचे। वे ब्रिलिएंट कन्वेंशन सेंटर में आयोजित न्यायाधीशों के पश्चिमी जोन क्षेत्रीय सम्मेलन में शामिल हुए। इंदौर एयरपोर्ट पर मीडिया से चर्चा के दौरान मुख्यमंत्री ने प्रदेश में नशे और ड्रग्स के अवैध कारोबार के खिलाफ सरकार की कार्रवाई को लेकर महत्वपूर्ण जानकारी दी।
मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी द्वारा ड्रग्स और नशे के खिलाफ निर्धारित वर्ष 2029 की डेडलाइन के अनुरूप मध्यप्रदेश सरकार पूरी तत्परता के साथ काम कर रही है। उन्होंने कहा कि नशे के अवैध कारोबार को समाप्त करने के लिए प्रदेश पुलिस आसपास के सात राज्यों के साथ समन्वय स्थापित कर लगातार कार्रवाई कर रही है।
उन्होंने बताया कि ड्रग्स के बड़े कारोबारियों, अवैध नेटवर्क और सिंडिकेट के खिलाफ कार्रवाई करते हुए कई महत्वपूर्ण सफलताएं हासिल की गई हैं। मुख्यमंत्री ने कहा कि नशे का कारोबार किसी एक राज्य तक सीमित नहीं है, इसलिए इसके खिलाफ अंतरराज्यीय स्तर पर समन्वित और प्रभावी कार्रवाई आवश्यक है।
छोटी खेप नहीं, पूरे नेटवर्क तक पहुंचने का लक्ष्य
मुख्यमंत्री ने स्पष्ट किया कि सरकार का उद्देश्य केवल नशे की छोटी-मोटी खेप पकड़ना नहीं है, बल्कि ड्रग्स के पूरे नेटवर्क और नशा माफिया की जड़ों तक पहुंचकर उसे समाप्त करना है। उन्होंने कहा कि पुलिस और संबंधित एजेंसियां ड्रग्स के अवैध कारोबार से जुड़े बड़े नेटवर्क पर लगातार कार्रवाई कर रही हैं।
डॉ. यादव ने प्रदेश में नक्सलवाद के खिलाफ मिली सफलता का उल्लेख करते हुए कहा कि जिस तरह मध्यप्रदेश में नक्सलवाद के खिलाफ प्रभावी कार्रवाई कर सफलता हासिल की गई है, उसी तरह नशे और ड्रग्स के खिलाफ भी निर्णायक लड़ाई लड़ी जाएगी।
युवाओं को नशे से बचाना सरकार की प्राथमिकता
मुख्यमंत्री ने कहा कि नशे के सबसे गंभीर दुष्प्रभाव युवाओं पर पड़ते हैं। सरकार की प्राथमिकता है कि प्रदेश का युवा नशे की गिरफ्त में न आए और उसे सुरक्षित, स्वस्थ एवं सकारात्मक वातावरण उपलब्ध कराया जाए।
उन्होंने कहा कि नशे के खिलाफ अभियान को आने वाले समय में और तेज किया जाएगा। ड्रग्स और नशा माफिया के खिलाफ कठोर कार्रवाई जारी रहेगी। सरकार का संकल्प है कि मध्यप्रदेश को नशामुक्त बनाने की दिशा में पूरी ताकत से काम किया जाए और नशे के अवैध कारोबार को जड़ से समाप्त किया जाए।
मुख्यमंत्री ने विश्वास जताया कि निर्धारित वर्ष 2029 की डेडलाइन तक नशे और ड्रग्स के अवैध कारोबार के खिलाफ प्रभावी परिणाम हासिल किए जाएंगे।

