डीडवाना हादसा: बेकाबू डंपर ने कार के उड़ाए परखच्चे, 4 की मौत से पसरा मातम
डीडवाना। नावां क्षेत्र के मिठड़ी बायपास पर बुधवार तड़के तेज रफ्तार का कहर देखने को मिला। यहां स्विफ्ट कार और मुरड़ से भरे भारी डंपर के बीच आमने-सामने की भीषण टक्कर हो गई। हादसा इतना जबरदस्त था कि कार बुरी तरह क्षतिग्रस्त हो गई और उसमें सवार स्वास्थ्य विभाग की महिला कर्मचारी, उनके पति, बेटी और चालक की मौके पर ही मौत हो गई। हादसे के बाद मौके पर चीख-पुकार मच गई। आसपास के लोगों की सूचना पर पुलिस और 108 एंबुलेंस मौके पर पहुंची।
हादसा बुधवार अलसुबह करीब पांच बजे हुआ। जानकारी के अनुसार, परिवार जयपुर की तरफ से कार से लौट रहा था। उन्हें नावां होते हुए मिठड़ी के पास स्थित पालड़ी गांव जाना था, जहां वे किराए के मकान में रहते थे। जैसे ही कार मिठड़ी बायपास के पास पहुंची, सामने से आ रहे मुरड़ से भरे डंपर ने कार को जोरदार टक्कर मार दी। टक्कर इतनी तेज थी कि कार के परखच्चे उड़ गए और उसमें सवार लोग बुरी तरह फंस गए। आसपास के लोगों ने हादसे की जानकारी पुलिस को दी।
हादसे में तुलसी देवी की मौत हुई है, जो स्वास्थ्य विभाग में कासेड़ा उप स्वास्थ्य केंद्र पर एएनएम के पद पर तैनात थीं। उनके पति लक्ष्मण सिंह और बेटी शीतल ने भी हादसे में जान गंवा दी। कार चालक रामाकिशन की भी मौके पर ही मौत हो गई। हादसे के बाद आसपास के लोग मौके पर पहुंचे। पुलिस और 108 एंबुलेंस की टीम भी घटनास्थल पर पहुंची। कार पूरी तरह क्षतिग्रस्त होने के कारण शव उसके मलबे में फंस गए थे। पुलिस और राहत टीम ने कड़ी मशक्कत के बाद सभी शवों को कार से बाहर निकाला। सभी शवों को नावां उपजिला अस्पताल की मोर्चरी में रखवाया गया है। परिजनों के पहुंचने के बाद पोस्टमार्टम की कार्रवाई की जाएगी।
हादसे के बाद स्थानीय लोगों में आक्रोश है। प्रत्यक्षदर्शियों और ग्रामीणों का आरोप है कि इलाके में रात और तड़के के समय मुरड़ और बजरी से भरे डंपर तेज रफ्तार और लापरवाही से चलते हैं। ग्रामीणों का कहना है कि इन डंपरों की तेज रफ्तार और लापरवाही को लेकर पहले भी शिकायतें की जा चुकी हैं, लेकिन ठोस कार्रवाई नहीं हुई। ग्रामीणों का आरोप है कि डंपरों के अनियंत्रित संचालन के कारण आज एक परिवार के तीन लोगों की जान चली गई। हालांकि, डंपर चालक की गलती और हादसे के वास्तविक कारणों की पुष्टि पुलिस जांच के बाद ही होगी।
साभार अमर उजाला

