मध्यप्रदेश डोमेस्टिक एंड इंटरनेशनल आर्बिट्रेशन सेंटर घरेलू एवं अंतरराष्ट्रीय व्यापारिक मामलों के निराकरण का एक प्रभावी एवं आधुनिक माध्यम है - न्यायमूर्ति श्री संजीव सचदेवा मुख्य न्यायाधिपति
यह सेंटर प्रदेश को राष्ट्रीय एवं अंतरराष्ट्रीय स्तर पर नई पहचान दिलाएगा - न्यायमूर्ति श्री विजय कुमार शुक्ला, प्रशासनिक न्यायाधिपति मध्यप्रदेश उच्च न्यायालय खंडपीठ इंदौर
मध्यप्रदेश उच्च न्यायालय खंडपीठ इंदौर में मध्यप्रदेश डोमेस्टिक एंड इंटरनेशनल आर्बिट्रेशन सेंटर का लोकार्पण हुआ
इन्दौर । देश डोमेस्टिक एंड इंटरनेशनल आर्बिट्रेशन सेंटर का लोकार्पण उच्च न्यायालय खंडपीठ इंदौर परिसर में मुख्य अतिथि न्यायमूर्ति श्री संजीव सचदेवा मुख्य न्यायाधिपति, उच्च न्यायालय जबलपुर द्वारा किया गया। इस अवसर पर न्यायमूर्ति श्री विवेक रुसिया प्रशासनिक न्यायाधिपति मध्यप्रदेश उच्च न्यायालय जबलपुर, न्यायमूर्ति श्री विजय कुमार शुक्ला प्रशासनिक न्यायाधिपति , उच्च न्यायालय खंडपीठ इंदौर विशेष रूप से उपस्थित रहे।
लोकार्पण कार्यक्रम में न्यायमूर्ति श्री संजीव सचदेवा मुख्य न्यायाधिपति, मध्यप्रदेश उच्च न्यायालय ने कहा कि आर्बिट्रेशन उनका पसंदीदा विषय है तथा यह घरेलू एवं अंतरराष्ट्रीय व्यापारिक मामलों के निराकरण का एक प्रभावी एवं आधुनिक माध्यम है। उन्होंने उल्लेख किया कि इंदौर व्यापारिक दृष्टि से अत्यंत समृद्ध शहर है, जहाँ अनेक प्रतिष्ठित व्यापारिक संस्थान एवं औद्योगिक इकाइयाँ कार्यरत हैं। ऐसी परिस्थिति में यह आर्बिट्रेशन सेंटर भविष्य में इंदौर को एक प्रमुख आर्बिट्रेशन हब के रूप में स्थापित करने की क्षमता रखता है।
न्यायमूर्ति श्री संजीव सचदेवा मुख्य न्यायाधिपति, मध्यप्रदेश उच्च न्यायालय ने कहा कि वर्तमान में यह केंद्र एक हाल, डायरेक्टर चैम्बर एवं कार्यालय कक्ष के साथ प्रारम्भ किया जा रहा है, किन्तु भविष्य में इसके इन्फ्रास्ट्रक्चर, तकनीकी संसाधनों एवं मानव संसाधन (मैन पावर) को क्रमशः सुदृढ़ एवं विस्तारित किया जाएगा, जिससे यह केंद्र अधिक व्यवस्थित, सक्षम एवं प्रभावी रूप में विकसित हो सके।
कार्यक्रम को संबोधित करते हुए न्यायमूर्ति श्री विजय कुमार शुक्ला, प्रशासनिक न्यायाधिपति मध्यप्रदेश उच्च न्यायालय खंडपीठ, इंदौर ने कहा कि प्रदेश का प्रथम आर्बिट्रेशन सेंटर जबलपुर में प्रारंभ हुआ था और अब इंदौर में द्वितीय आर्बिट्रेशन सेंटर का शुभारंभ होना न्यायिक व्यवस्था के आधुनिकीकरण की दिशा में एक बड़ा कदम है। इस प्रकार के अत्याधुनिक आर्बिट्रेशन सेंटर की स्थापना समय की आवश्यकता है, जो विवादों के शीघ्र एवं विशेषज्ञ समाधान में महत्वपूर्ण भूमिका निभाएगा तथा प्रदेश को राष्ट्रीय एवं अंतरराष्ट्रीय स्तर पर नई पहचान दिलाएगा।
लोकार्पण कार्यक्रम में न्यायमूर्ति श्री विवेक रुसिया प्रशासनिक न्यायाधिपति, मध्यप्रदेश उच्च न्यायालय जबलपुर, न्यायमूर्ति श्री सुबोध अभ्यंकर, न्यायमूर्ति श्री प्रणय वर्मा, न्यायमूर्ति श्री संदीप एन. भट्ट, न्यायमूर्ति श्री विनय सराफ, न्यायमूर्ति श्री बिनोद कुमार द्विवेदी, न्यायमूर्ति श्री गजेन्द्र सिंह, न्यायमूर्ति श्री पवन कुमार द्विवेदी, न्यायमूर्ति श्री आलोक अवस्थी, पूर्व न्यायमूर्ति श्री आई एस श्रीवास्तव, अस्सिटेंट सॉलीसिटर जनरल श्री सुनील जैन, अतिरिक्त महाधिवक्ता श्री सोनल गुप्ता, अर्बीट्रेटर्स, प्रिंसिपल रजिस्ट्रार श्री अनूप कुमार त्रिपाठी, विशेष कर्त्तव्यस्थ अधिकारी श्री नीरज मालवीय, अध्यक्ष उच्च न्यायालय अधिवक्ता संघ श्री मनीष यादव, सचिव उच्च न्यायालय अधिवक्ता संघ श्री मनीष गढ़कर, अतिरिक्त महाधिवक्तागण, वरिष्ठ अधिवक्तागण, सदस्य राज्य अधिवक्ता परिषद के उच्च न्यायालय अधिवक्ता संघ के पदाधिकारी गण व अधिवक्तागण, लोक निर्माण विभाग के अधिकारी गण, उच्च न्यायालय के अधिकारी एवं कर्मचारीगण बड़ी संख्या में उपस्थित रहे।

