मातृ दिवस पर पीवीआर में सिंधी फिल्म "शल याद रखऊ" के तीन निशुल्क शो का भव्य आयोजन
वर्तमान परिवेश में संयुक्त परिवार के महत्व का दिया संदेश, श्रीमती सुशीला परयानी सहित मातृ शक्तियों का हुआ सम्मान
उज्जैन। मातृ दिवस (10 मई) के पावन अवसर पर शहर के पीवीआर में सामाजिक सिंधी फिल्म "शल याद रखऊ" के तीन निशुल्क शो का भव्य आयोजन किया गया। आज के दौर में जहां एकाकी परिवारों का चलन बढ़ रहा है, वहीं इस फिल्म ने संयुक्त परिवार की महत्ता और पूरे परिवार को एकजुट रखने का एक बेहद प्रासंगिक व प्रेरणादायक संदेश दिया। सिंधी समाज के लोगों ने भारी संख्या में सपरिवार उपस्थित होकर इस संदेशपरक फिल्म का भरपूर आनंद लिया।
कार्यक्रम का शुभारंभ दीप प्रज्वलित कर किया गया। इस अवसर पर प्रमुख समाजसेवी महेश परयानी की माताजी श्रीमती सुशीला परयानी का पुष्पा कोटवानी, रिंकू बेलानी, स्वाति गजरानी, सुनीता कोटवानी, रेशमा गंगवानी, नीलम खत्री, वंदना, भारती सनमुखानी, वीना परसवानी, नेहा मोटवानी, माया मुलानी और वर्षा आडवाणी द्वारा शॉल व पुष्प भेंट कर सम्मान किया गया। इसके पश्चात उपस्थित अन्य सभी मातृ शक्तियों का भी सम्मान किया गया।
इस ऐतिहासिक आयोजन के संयोजक महेश परयानी थे। वहीं आयोजक मंडल में दीपक बेलानी, रमेश गजरानी, लोकेश आडवाणी, राजकुमार परसवानी, महेश गंगवानी, किशोर मुलानी, विनोद मुलानी, जवाहर सनमुखानी, कपिल बाशानी, विनोद लुल्ला, मोहन वासवानी, प्रताप रोहड़ा, शंकर नागदेव, सुनील खत्री, रमेश सामदानी, नितिन वासवानी, किशोर चंदनानी, होतचंद सेठिया, रवि डोधानी, धर्मेंद्र खूबचंदानी, हरीश टेकवानी, कमल शाहलानी, संजय लालवानी, नरेंद्र सबनानी, जेठा जयसिंघानी, सुरेश सनमुखानी, महेश कुकरेजा और तुलसी राजवानी शामिल रहे।
कार्यक्रम में फिल्म के निर्माता-निर्देशक प्रेम सावलानी विशेष रूप से उपस्थित रहे। उनकी टीम द्वारा आयोजन के संयोजक महेश परयानी और आयोजक दीपक बेलानी का शॉल व दुपट्टे से सम्मान किया गया तथा सभी दर्शकों का आभार व्यक्त किया गया। दर्शकों ने संयुक्त परिवार के फायदों को दर्शाने वाली इस फिल्म की कहानी और आयोजन समिति के इस सफल प्रयास की भूरि-भूरि प्रशंसा की।

