जन विश्वास अभियान की हकीकत परखी: कलेक्टर अर्पित वर्मा ने पिछोर-खनियांधाना में किया औचक निरीक्षण
खाद वितरण केंद्र से लेकर स्कूल, छात्रावास, गौशाला और निर्माण कार्यों का लिया जायजा
किसानों और छात्राओं से सीधे संवाद कर जानी समस्याएं
अतुल जैन
खनियांधाना। शासन की योजनाओं का लाभ आमजन तक पहुंच रहा है या नहीं, इसे जमीनी स्तर पर परखने के लिए कलेक्टर एवं जिला मजिस्ट्रेट अर्पित वर्मा शुक्रवार को अचानक पिछोर और खनियांधाना क्षेत्र के दौरे पर पहुंचे। 'मुख्यमंत्री जन विश्वास अभियान' के तहत हुए इस औचक निरीक्षण में उन्होंने खाद वितरण केंद्र, शासकीय विद्यालय, सांदीपनि विद्यालय, अनुसूचित जाति सीनियर एवं उत्कृष्ट कन्या छात्रावास, गौशाला तथा निर्माणाधीन भवनों का निरीक्षण किया। इस दौरान व्यवस्थाओं की बारीकी से समीक्षा करते हुए अधिकारियों को स्पष्ट निर्देश दिए कि शासन की योजनाओं के क्रियान्वयन में किसी भी स्तर पर लापरवाही या अनियमितता बर्दाश्त नहीं की जाएगी।
(खाद वितरण केंद्र पहुंचकर किसानों से जाना हाल)
कलेक्टर ने सबसे पहले पिछोर स्थित खाद वितरण केंद्र का निरीक्षण किया। यहां उर्वरक की उपलब्धता, भंडारण व्यवस्था, वितरण प्रक्रिया तथा अभिलेखों की जांच की। उन्होंने वितरण पंजी और पर्चियों का मिलान करने के साथ केंद्र पर मौजूद किसानों से सीधे बातचीत कर जानकारी ली कि उन्हें समय पर खाद मिल रही है या नहीं किसानों की बात सुनने के बाद उन्होंने अधिकारियों को निर्देश दिए कि जिले में खाद वितरण पूरी तरह पारदर्शी और व्यवस्थित तरीके से हो। किसी भी किसान को खाद के लिए अनावश्यक इंतजार नहीं करना पड़े तथा कालाबाजारी और अनियमितता पर सख्त निगरानी रखी जाए।
(विद्यालय पहुंचकर कक्षाओं में बैठे, विद्यार्थियों से पूछे सवाल)
इसके बाद कलेक्टर खनियांधाना विकासखंड के शासकीय माध्यमिक विद्यालय दवियाकलां पहुंचे। उन्होंने विद्यालय परिसर, कक्षाओं, पेयजल, शौचालय और मध्याह्न भोजन की व्यवस्थाओं का निरीक्षण किया। कक्षा-कक्षों में पहुंचकर विद्यार्थियों से पढ़ाई से जुड़े प्रश्न पूछे और उनके शैक्षणिक स्तर का आकलन किया। उन्होंने शिक्षकों को निर्देश दिए कि विद्यालय में नियमित अध्ययन-अध्यापन सुनिश्चित किया जाए तथा प्रत्येक विद्यार्थी की सीखने की क्षमता पर विशेष ध्यान दिया जाए। स्वच्छता, अनुशासन और गुणवत्तापूर्ण शिक्षा में किसी प्रकार की कमी नहीं रहनी चाहिए।
(सांदीपनि विद्यालय में निर्माण कार्यों की गुणवत्ता भी जांची)
कलेक्टर ने सांदीपनि विद्यालय का भी निरीक्षण किया। यहां उन्होंने वोकेशनल कक्षाओं का अवलोकन कर विद्यार्थियों से प्रशिक्षण की जानकारी ली। विद्यालय परिसर में निर्माणाधीन भवन का निरीक्षण करते हुए उन्होंने निर्माण सामग्री की गुणवत्ता और कार्य की प्रगति देखी। उन्होंने निर्माण एजेंसी को समय-सीमा में गुणवत्तापूर्ण निर्माण पूरा करने तथा जिला शिक्षा अधिकारी को विद्यालय की अन्य व्यवस्थाओं में भी आवश्यक सुधार कराने के निर्देश दिए।
(गौशाला की चारागाह भूमि पर मिला अतिक्रमण)
दौरे के दौरान ग्राम दवियाकलां स्थित गौशाला के निरीक्षण में चारागाह की शासकीय भूमि पर अवैध खेती किए जाने का मामला सामने आया। इस पर कलेक्टर ने नाराजगी जताते हुए राजस्व अधिकारियों को तत्काल अतिक्रमण हटाने, संबंधित लोगों के विरुद्ध नियमानुसार कार्रवाई करने तथा चारागाह भूमि को गौवंश के उपयोग के लिए मुक्त कराने के निर्देश दिए।
(छात्रावास में भोजन की गुणवत्ता परखी, छात्राओं से की खुली चर्चा)
खनियांधाना स्थित शासकीय अनुसूचित जाति सीनियर एवं उत्कृष्ट कन्या छात्रावास में कलेक्टर ने छात्रावास परिसर, कमरों, साफ-सफाई और रसोईघर का निरीक्षण किया। उन्होंने भोजन की गुणवत्ता, खाद्यान्न भंडारण और स्वच्छता की जांच की। छात्राओं से सीधे संवाद कर पढ़ाई, भोजन, सुरक्षा और अन्य सुविधाओं के बारे में जानकारी ली। छात्राओं द्वारा बताई गई समस्याओं के त्वरित निराकरण के लिए संबंधित अधिकारियों को मौके पर ही आवश्यक निर्देश दिए गए।
('योजनाओं का लाभ अंतिम व्यक्ति तक पहुंचे')
निरीक्षण के अंत में कलेक्टर अर्पित वर्मा ने कहा कि मुख्यमंत्री जन विश्वास अभियान का उद्देश्य शासन और आमजन के बीच विश्वास को मजबूत करना है। इसके लिए जरूरी है कि प्रत्येक विभाग पूरी पारदर्शिता, जवाबदेही और संवेदनशीलता के साथ कार्य करे। उन्होंने कहा कि खाद वितरण, शिक्षा, छात्रावास, गौशाला संचालन तथा निर्माण कार्यों में किसी भी प्रकार की लापरवाही स्वीकार नहीं की जाएगी। सभी अधिकारी यह सुनिश्चित करें कि शासन की योजनाओं का लाभ अंतिम व्यक्ति तक समय पर पहुंचे और आमजन की समस्याओं का त्वरित समाधान हो।यह संस्करण राजस्थान पत्रिका की शैली के अनुरूप अधिक प्रवाहपूर्ण, संतुलित और अखबार के प्रथम पृष्ठ या जिला पृष्ठ पर प्रकाशित होने योग्य बनाया गया है।

