संत जोसफ चर्च नंदा नगर में श्रद्धा और उल्लास के साथ मनाया गया ईस्टर पर्व
पत्रकार खुशबू श्रीवास्तव
इंदौर। नंदा नगर स्थित संत जोसफ चर्च नंदा नगर में ईसाई धर्म के प्रमुख पर्व ईस्टर (पुनरुत्थान रविवार) को श्रद्धा और उत्साह के साथ मनाया गया। इस अवसर पर पल्ली पुरोहित परम आदरणीय फादर जॉली जोन ने ईस्टर पर्व के महत्व पर प्रकाश डाला।
उन्होंने बताया कि ईस्टर प्रभु यीशु मसीह के पुनरुत्थान की खुशी में मनाया जाता है, जो गुड फ्राइडे के तीसरे दिन मृत्युपरांत पुनर्जीवित हुए थे। यह पर्व मृत्यु पर जीवन की विजय, पापों से मुक्ति, आशा और प्रेम का प्रतीक है। उन्होंने कहा कि ईस्टर हमें यह संदेश देता है कि सत्य और अच्छाई की हमेशा बुराई पर जीत होती है और हर निराशा के बाद नई आशा का जन्म होता है।
कार्यक्रम के दौरान पवित्र मिस्सा बलिदान का आयोजन किया गया, जिसमें बड़ी संख्या में श्रद्धालुओं ने भाग लिया। चर्च के मुख्य याजक द्वारा पवित्र अग्नि की आशीष दी गई, जिसके बाद श्रद्धालु मोमबत्तियां जलाकर गिरजाघर में प्रवेश किए। इसके पश्चात मुख्य पूजन विधि फादर जॉली जोन एवं फादर पॉलसन फ्रीस्टो द्वारा संपन्न कराई गई।
पूजन के दौरान सभी श्रद्धालुओं ने भक्ति भाव से सहभागिता की और पुनर्जीवित प्रभु मसीह के दर्शन किए। परम प्रसाद ग्रहण करने के बाद अंतिम आशीष के साथ पूजा का समापन हुआ। अंत में सभी ने एक-दूसरे को गले मिलकर ईस्टर पर्व की शुभकामनाएं दीं।
इस अवसर पर चर्च में विशेष सजावट की गई और ईस्टर अंडों के माध्यम से नए जीवन और पुनर्जन्म का संदेश भी दिया गया।

